संस्था प्रधान होती है, व्यक्ति नहीं- प्रेमलता मिश्र ‘प्रेम’
पटना: "संस्था के प्रति समर्पण होना चाहिए, व्यक्ति के नही।" ये बात प्रभा खेतान फाउंडेशन और मसि इंक के मासिक कार्यक्रम 'आखर' में डॉ प्रेमलता मिश्र ' प्रेम' ने कही । उनसे [...]
पटना: "संस्था के प्रति समर्पण होना चाहिए, व्यक्ति के नही।" ये बात प्रभा खेतान फाउंडेशन और मसि इंक के मासिक कार्यक्रम 'आखर' में डॉ प्रेमलता मिश्र ' प्रेम' ने कही । उनसे [...]
नई दिल्ली: दुनिया के नामीगिरामी विश्वविद्यालयों में शुमार होने वाले दिल्ली विश्वविद्यालय से जुड़े 'हिंदू कॉलेज' साहित्यकार-लेखक डॉ विजयेन्द्र स्नातक की स्मृति में एक अंतर महाविद्यालय आशु भाषण प्रतियोगिता का [...]
नई दिल्ली: हिदी के वरिष्ठ कवि लीलाधर जगूड़ी को वर्ष 2018 के लिए व्यास सम्मान देने का एलान किया गया है। यह सम्मान 2013 में प्रकाशित उनके कविता संग्रह जितने [...]
कोच्चीः श्री शंकराचार्य संस्कृत विश्वविद्यालय कालाडी के हिंदी विभाग ने 'राष्ट्रीय हिंदी साहित्योत्सव' आयोजित किया, तो हिंदी साहित्य व कविता जगत की कई हस्तियां शरीक हुईं, जिनमें अरुण कमल, लीलाधर [...]
नई दिल्ली: साहित्य अकादमी ने अपने स्थापना दिवस पर 'महात्मा गांधी : एक लेखक और वक्ता के रूप में' विषयक व्याख्यान आयोजित किया, जिसमें इतिहासकार - लेखक रामचंद्र गुहा ने [...]
नई दिल्लीः वर्ष 2018 का श्यामधर स्मृति पुरस्कार युवा आलोचक और संपादक नलिन रंजन सिंह को और इसी वर्ष के लिए सीताराम शास्त्री स्मृति पुरस्कार युवा आलोचक अमिताभ राय को [...]
जामताड़ा: झारखंड के जामताड़ा ज़िला में महान समाज सुधारक ईश्वरचंद्र विद्यासागर की 200 वीं जयन्ती के उपलक्ष्य में दो दिवसीय आयोजन किया गया। इस स्मृति आयोजन में बिहार , झारखंड के अलावा उड़ीसा और बंगाल के [...]
पलामू: युग प्रवर्तक महावीर प्रसाद द्विवेदी की 150वीं वर्षगांठ के अवसर पर स्थानीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय स्मृति भवन में नीलांबर पीतांबर विश्वविद्यालय की अंगीभूत इकाई गणेश लाल अग्रवाल महाविद्यालय के [...]
पलामूः झारखंड का नक्सल प्रभावित इलाका इनदिनों शब्द साहित्य की साधना और कार्यक्रमों से गुलजार है. साहित्यिक संस्था 'परिमल प्रवाह' ने सदर प्रखंड के जमुने स्थित जीजीपीएस में दो दिवसीय [...]
राजीव रंजन प्रसाद का उपन्यास ‘लाल अंधेरा’ नक्सलवाद की समस्या के आगाज, विकास, प्रभाव, नेटवर्क आदि विविध पहलुओं को समेटता चलता है। इस उपन्यास में न केवल देश भर में व्याप्त सशस्त्र नक्सलवाद की परतों [...]