शरद प्रसंग में ‘नेतृत्व की ताकत’ से लेकर ‘शेर की गुफा में न्याय’ जैसी रचनाओं का हुआ पाठ
भोपालः अखिल भारतीय साहित्य परिषद ने प्रख्यात व्यंग्यकार शरद जोशी की याद में दो दिवसीय ऑनलाइन कार्यक्रम 'शरद प्रसंग' नाम [...]
सुधीर विद्यार्थी को मिलेगा वर्ष 2020 का ‘स्वतन्त्रता सेनानी रामचन्द्र नन्दवाना स्मृति सम्मान’
चित्तौड़गढ़: राजस्थान के सुप्रसिद्ध स्वतंत्रता सेनानी रामचन्द्र नन्दवाना के जन्म शताब्दी वर्ष में साहित्य, संस्कृति से जुड़े संस्थान 'संभावना' ने [...]
‘नई शिक्षा नीति का भाषिक संदर्भ और हिंदी का वैश्विक परिदृश्य’ विषयक वैश्विक वेबिनार
वाराणसी: भाषा व्यक्ति को व्यक्तित्व से जोड़ती है. भाषा व्यक्तित्व निर्माण का सबसे अनिवार्य अंग है. शिक्षा, शिक्षक और शिक्षार्थी [...]
उपनिषदों का ज्ञान और वेदों का चिंतन, केवल आध्यात्मिक नहीं वैज्ञानिक दृष्टिकोण: प्रधानमंत्री मोदी
नई दिल्लीः प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नई पीढ़ी को गंभीर ज्ञान से दूर न होने की आवश्यकता पर बल देते [...]
भारतेंदु हरिश्चंद्र, हिंदी भाषा और साहित्य जगत को क्यों ऋणी होना चाहिए अपने इस पितामह का
नई दिल्लीः आधुनिक हिंदी के पितामह कहे जाने वाले भारतेंदु हरिश्चंद्र की आज जयंती है. उन्होंने अपनी अल्पायु में ही [...]
हिंदी में शोध के लिए भाषा और लिपि का ज्ञान महत्त्वपूर्णः प्रो सुधीर प्रताप सिंह
नई दिल्लीः हिंदी साहित्य में शोध की परंपरा बेहद पुरातन है, और एक दौर ऐसा भी था जब इस दिशा [...]
इस प्रजातंत्र का आचरण देखिए, सभ्यता का हुआ है मरण देखिए…प्रदूषण पर ऑनलाइन कवि सम्मेलन
नई दिल्लीः 'माटी की सुगंध' समूह ने एक ऑन लाइन कवि सम्मेलन का आयोजन किया, जो विश्व पर्यावरण दिवस को [...]
सुरेंद्र वर्मा, जिन्होंने समाज और इतिहास की अपनी समझ से रच दीं कालजयी रचनाएं
नई दिल्लीः एक उम्दा कथाकार और नाटककार के रूप में सुरेंद्र वर्मा ने वर्तमान दौर में हिंदी साहित्य पर अपनी [...]
जम्मू कश्मीर में हिंदी को राजभाषा का दर्जा देने के फैसले का स्वागत
गुरुग्राम। विश्व भाषा अकादमी (रजि.) ने जम्मू कश्मीर में हिंदी को राजभाषा का दर्जा देने के केंद्रीय मंत्रिमंडल के फैसले [...]
दिनकर ने रामवृक्ष बेनीपुरी को बेचैन कवि, बेचैन चिंतक, बेचैन क्रांतिकारी और निर्भीक योद्धा कहा था
नई दिल्लीः रामवृक्ष बेनीपुरी हिंदी के ऐसे अनूठे रचनाकार थे, जिन्होंने श्रम को खूशबू से जोड़कर देखा था. हिंदी का [...]
समाज में वर्गीय चेतना के साथ भाषा की निर्मिति होती हैः प्रो. निरंजन सहाय
नई दिल्लीः काशी हिंदू विश्वविद्यालय के प्रोफेसर प्रभाकर सिंह के सहयोग से वाणी प्रकाशन की डिजिटल शिक्षा श्रृंखला जारी है. [...]
सूत्रधार की दस दिवसीय स्पर्धा में वीडियो प्रस्तुति के द्वारा 47 एकल नाट्य प्रस्तुतियों के बीच मुकाबला
इंदौरः कोरोना की मार का दंश रंगमंच पर भी पड़ा है, पर कई संस्थाएं सोशल मीडिया पर अभिनय के खूबसूरत [...]
